*लाखों चुकाए फिर भी मिला ‘अतिक्रमण’, सन्हौली दुर्गा स्थान के पास रेलवे की भूमि से अतिक्रमण हटाने में सुरक्षा बल नाकाम,रेलवे की जमीन पर RPF-GRP की सुस्ती से संवेदक बेहाल*
जगदूत न्यूज खगड़िया बिहार ब्यूरो चिप प्रभु जी खगड़िया। सन्हौली दुर्गा स्थान के सामने स्थित रेलवे की 368 वर्ग मीटर जमीन, जिसे रेलवे प्रशासन द्वारा हाल ही में तीन वर्षों के लिए बंदोबस्त (लीज) किया गया था, वह अब तक खाली नहीं कराई जा सकी है। रेलवे सुरक्षा बल (RPF) और जीआरपी थाना प्रभारी द्वारा इस जमीन से अतिक्रमणकारियों को नहीं हटाए जाने के कारण संवेदक को भारी आर्थिक नुकसान का सामना करना पड़ रहा है।
उल्लेखनीय है कि वरिष्ठ रेल मंडल प्रबंधक वाणिज्य सोनपुर धीरज कुमार के नेतृत्व में 31 अगस्त 2026 को खोली गई निविदा के तहत इस भूभाग की बंदोबस्ती 65,34,840 लाख रुपये में की गई थी। इसके तहत ‘आदर्श सिक्योरिटी सॉल्यूशन’, बेगूसराय के प्रोपराइटर संवेदक मनोहर कुमार कुशवाहा को 5 अक्टूबर 2026 से 4 अक्टूबर 2029 तक (तीन वर्षों के लिए) दुकान आवंटित करने का अधिकार दिया गया है।
RPF और GRP की सुस्ती से बढ़ा संकट
संवेदक द्वारा आईओडब्ल्यू (IOW) खगड़िया को पत्र लिखकर भूभाग को चिह्नित कर अतिक्रमण मुक्त कराने का अनुरोध किया गया था। हालांकि, रेलवे के सुरक्षा विभाग यानी आरपीएफ (RPF) एवं जीआरपी (GRP) थाना प्रभारी की ओर से अब तक जमीन को खाली कराने के लिए कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया है।
वर्तमान में इस भूभाग पर अवैध रूप से फुटकर विक्रेताओं की दुकानें सजी हुई हैं और अतिक्रमणकारियों का कब्जा बरकरार है। आवंटन अवधि शुरू हो जाने के बावजूद जमीन का कब्जा न मिलने से संवेदक मनोहर कुमार कुशवाहा को प्रतिदिन काफी हानि उठानी पड़ रही है। संवेदक ने जल्द से जल्द रेलवे प्रशासन और सुरक्षा बल से आवंटित भूमि को खाली कराकर सौंपने की मांग की है। बड़ा सवाल: जब नियमानुसार और भारी-भरकम राशि चुकाकर जमीन की बंदोबस्ती कर दी गई है, तो आवंटन अवधि शुरू होने के बावजूद संवेदक को कब्जा क्यों नहीं मिल पा रहा है।


